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Home/छत्तीसगढ़/Be careful to avoid monkey pox: एक फिर मंडराया मंकीपॉक्स का खतरा, बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग की एडवायजरी जारी
छत्तीसगढ़

Be careful to avoid monkey pox: एक फिर मंडराया मंकीपॉक्स का खतरा, बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग की एडवायजरी जारी

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By fourthline.in
August 28, 2024 3 Min Read
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रायपुर। Be careful to avoid monkey pox: प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने सभी जिलों के स्वास्थ्य अधिकारियों को मंकीपॉक्स (एम-पॉक्स) नामक बीमारी के बचाव व रोकथाम हेतु जारी एडवायजरी में दिए गए दिशा-निर्देशों का गंभीरपूर्वक पालन करने के निर्देश दिए हैं।

Be careful to avoid monkey pox: स्वास्थ्य सेवा महानिदेशक भारत सरकार, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा 20 अगस्त 2024 को मंकीपॉक्स (एमपॉक्स) नामक बीमारी के बचाव व रोकथाम हेतु एडवायजरी जारी की गई है। मंकी पॉक्स (एम पॉक्स) को विश्व स्वास्थ्य संगठन के द्वारा 14 अगस्त 2024 को पब्लिक हेल्थ इमरजेन्सी ऑफ इंटरनेशनल कान्स (पीएचईआईसी) घोषित किया गया है। विभिन्न देशों में संक्रमण के प्रसार को दृष्टिगत रखते हुए भारत सरकार स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा सर्वेलेंस, जांच एवं उपचार हेतु विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किये गए हैं, जिसके अनुसार छत्तीसगढ़ राज्य में भी मंकी-पॉक्स प्रकरणों की सर्वेलेंस, त्वरित पहचान, जांच एवं उपचार हेतु दिशा-निर्देश जारी किये गए हैं।

क्या है मंकी-पॉक्स ?

Be careful to avoid monkey pox: मंकी-पॉक्स एक जीनेटिक बीमारी है, जो मुख्य रुप से मध्य और पश्चिम अफ्रीका के क्षेत्रों में होता है, परन्तु वर्तमान परिदृश्य में कुछ अन्य देशों में मामले देखे जा रहे हैं। भारत के केरल राज्य में मार्च 2024 में मामले  देखे गए थे। मंकीपॉक्स से संक्रमित व्यक्ति में सामान्यतः बुखार, चकत्ते एवं लिम्फ नोड्स में सूजन पायी जाती है। मंकीपॉक्स एक स्व-सीमित (सेल्फ-लिमिटेड) संक्रमण है, जिसके लक्षण सामान्यतः 2-4 सप्ताह में समाप्त हो जाते हैं। मंकी-पॉक्स संक्रमण के गंभीर प्रकरण सामान्यतः बच्चों में पाए जाते हैं। जटिलताओं एवं गंभीर प्रकरणों में मृत्यु दर 1 से 10  प्रतिशत है। मंकी-पॉक्स संक्रमण होने एवं लक्षण उत्पन्न होने का इनक्यूबेशन पीरियड सामान्यतः 6-13 दिन का होता है, परन्तु यह 5 से 25 दिवस तक हो सकता है। मंकी-पॉक्स का संक्रमण त्वचा में चकत्ते आने के 1-2 दिवस पूर्व से लेकर सभी चकत्तों से पपड़ी के गिरने/समाप्त होने तक मरीज के संपर्क में आने वाले व्यक्तियों में फैल सकता है।

Be careful to avoid monkey pox: मंकी-पॉक्स वायरस का संक्रमण पशु से मनुष्य में एवं मनुष्य से मनुष्य में फैल सकता है। मनुष्य से मनुष्य में संक्रमण मुख्य रूप से लार्ज रेस्पिरेटरी सिस्टम के माध्यम से लम्बे समय तक संक्रमित व्यक्ति के निकट संपर्क में रहने से होता है। वायरस का संक्रमण शरीर के तरल पदार्थ घाव के सीधे संपर्क में आने से अथवा अप्रत्यक्ष संपर्क जैसे दूषित कपड़ों, लिनेन इत्यादि के उपयोग से फैल सकता है। पशुओं से मनुष्यों में संक्रमण का प्रसार गांव के सीधे संपर्क में आने से हो सकता है।

Be careful to avoid monkey pox: मंकी पॉक्स संभावित प्रकरणों के सर्वेलेंस हेतु दिशा निर्देश जारी किए गए हैं। जिसके अनुसार मंकी पॉक्स के संभावित प्रकरणों का सर्विलांस कर त्वरित पहचान जांच एवं उपचार किए जाने हेतु प्रकरण को आइसोलेट कर संक्रमण का प्रसार रोका जाना, मरीज को उपचार दिया जाना, मरीज के संपर्क व्यक्तियों की पहचान किया जाना, स्वास्थ्य कार्यकर्ता को संक्रमण से बचाव हेतु आगाह किया जाना एवं संक्रमण के नियंत्रण और प्रसार को रोकने हेतु प्रभावी कदम उठाया जाना आवश्यक है। 

Be careful to avoid monkey pox: मंकी-शपॉक्स के प्रत्येक पॉजिटिव मरीज के सभी संपर्क व्यक्ति की पहचान करने हेतु सभी जिलों में जिला सर्वेलेंस अधिकारी के अधीन कांटेक्ट ट्रेसिंग दल का गठन किया जाएगा। संपर्क व्यक्ति को मंकीपॉक्स मरीज के संपर्क में आने के 21 दिवस तक बुखार या त्वचा में चकत्ते हेतु दैनिक मॉनिटरिंग की जाएगी। संपर्क व्यक्तियों को 21 दिवस तक ब्लड, ऑर्गन, टिसू, सीमन इत्यादि डोनेशन करने से रोका जाए एवं ऐसे चिकित्सा कर्मी जो बिना प्रतिरक्षा उपकरण के मंकी-पॉक्स मरीज या उसके द्वारा उपयोग किये हुए वस्तुओं के संपर्क में आया हो उसे 21 दिन तक मॉनिटर किया जाए व लक्षण-रहित चिकित्सा कर्मी को चिकित्सा कार्य से ना रोका जाये, ऐसे निर्देश दिए गए हैं।

Be careful to avoid monkey pox: स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बीमारी को सज्ञान में लेते हुए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को जिले के सभी विकासखण्डों एवं विशेष रूप से ग्राम पंचायतों में शिविर लगाकर नागरिकों को एम-पॉक्स बीमारी, इसके संक्रमण व बचाव हेतु उपायों के प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही उन्होंने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा जारी एडवायसरी में दिए गए सभी आवश्यक दिशा-निर्देशों का गंभीरतापूर्वक पालन सुनिश्चित करने कहा है।

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