Weather alert: नई दिल्ली । देश के कई हिस्सों में नौतपा की भीषण गर्मी के बीच मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है। कहीं ओले गिर रहे हैं तो कहीं आंधी-तूफान तबाही मचा रहा है। पिछले 24 घंटे के भीतर उत्तर प्रदेश और बिहार में आंधी, बारिश और आकाशीय बिजली (lightning strikes) की चपेट में आने से 48 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई है। मौसम विभाग (IMD Alert) ने देश के 15 से ज्यादा राज्यों में आंधी और भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।
Weather alert: उत्तर प्रदेश में कुदरत का सबसे खतरनाक रूप देखने को मिला है। यहां पिछले 24 घंटे में आंधी-तूफान के कारण 31 लोगों की जान चली गई है। सहारनपुर (Saharanpur) में तो भारी बारिश के बाद पहाड़ी इलाके से इतना तेज पानी आया कि इनोवा कार और ट्रैक्टर समेत करीब 10 गाड़ियां ताश के पत्तों की तरह बह गईं। मौसम विभाग ने आज भी यूपी के सभी 75 जिलों में आंधी-बारिश की चेतावनी (heavy rain alert) जारी की है।
Weather alert: बिहार में भी मौसम का कहर जारी है। यहां बिजली गिरने और आंधी से 17 लोगों की मौत हो गई है। राजधानी पटना (Patna Airport) में खराब मौसम और तेज हवाओं के चलते 4 फ्लाइट्स को डायवर्ट करना पड़ा, जबकि 18 उड़ानें लेट हुईं। इससे 500 से ज्यादा यात्री एयरपोर्ट पर फंसे रहे। आज भी बिहार के 25 जिलों में बारिश की संभावना जताई गई है।
Weather alert: राजस्थान के मौसम (Rajasthan Weather) की बात करें तो शनिवार को 30 जिलों में तेज आंधी के साथ ओले गिरने की आशंका है। इससे पहले चूरू, हनुमानगढ़ और बीकानेर समेत 9 जिलों में पारा 10 डिग्री तक लुढ़क गया है। उधर, पंजाब के पठानकोट में शनिवार सुबह जमकर ओले गिरे, जबकि मोहाली में तेज बारिश (heavy rainfall) से मौसम सुहाना हो गया। हिमाचल प्रदेश के 10 जिलों में 4 जून तक आंधी-बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है।
हफ्तेभर में केरल पहुंचेगा मानसून
Weather alert: मौसम विभाग के मुताबिक, मानसून (Monsoon 2026) अगले 7 दिनों के भीतर केरल के तट पर दस्तक दे सकता है। हालांकि, इस साल खेती-किसानी करने वालों के लिए थोड़ी चिंता की खबर है। आईएमडी (IMD) ने अनुमान जताया है कि इस साल मानसूनी बारिश सामान्य से कमजोर रह सकती है। जून से सितंबर के दौरान देश में सिर्फ 78 सेंटीमीटर बारिश होने का अनुमान है, जबकि सामान्य औसत 87 सेंटीमीटर होता है। यूपी और बिहार में तो सामान्य बारिश होगी, लेकिन देश के बाकी हिस्सों में सूखा जैसी स्थिति बन सकती है।










