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Home/छत्तीसगढ़/CG High Court: शिक्षकों को नहीं दिया जा सकता प्रशासनिक पदों का प्रभार, हाईकोर्ट ने बलौदा BEO के पदभार का आदेश किया रद्द
छत्तीसगढ़

CG High Court: शिक्षकों को नहीं दिया जा सकता प्रशासनिक पदों का प्रभार, हाईकोर्ट ने बलौदा BEO के पदभार का आदेश किया रद्द

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By fourthline.in
June 25, 2026 2 Min Read
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CG High Court: बिलासपुर। स्कूल शिक्षा विभाग की प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने अहम फैसला सुनाया है। कोर्ट ने साफ किया कि शिक्षण संवर्ग के कर्मचारियों को प्रशासनिक पदों का प्रभार नहीं दिया जा सकता। इसी आधार पर बलौदा के ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (BEO) का अतिरिक्त प्रभार व्याख्याता को देने का आदेश रद्द कर दिया गया है।

CG High Court: न्यायमूर्ति बी.डी. गुरु की एकलपीठ ने कहा कि शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 में निर्धारित विशेष परिस्थितियों को छोड़कर शिक्षकों से गैर-शैक्षणिक कार्य नहीं कराया जा सकता। शिक्षण और प्रशासनिक संवर्ग को अलग रखने का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रशासनिक पदों पर वही अधिकारी नियुक्त हों जिनके पास जरूरी अनुभव और पात्रता हो।

CG High Court: इस मामले में याचिका बलौदा के प्रभारी BEO रवि कुमार गौतम ने दायर की थी। वे सहायक ब्लॉक शिक्षा अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं और प्रभारी BEO की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। इसके बावजूद 10 जून 2026 को जारी आदेश से पीएम श्री स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय के प्रभारी प्राचार्य एवं व्याख्याता अनिल कुमार शर्मा को BEO का अतिरिक्त प्रभार दे दिया गया।

व्याख्याता का संवर्ग प्रशासनिक नहीं : कोर्ट

CG High Court: सुनवाई में बताया गया कि अनिल कुमार शर्मा मूल रूप से व्याख्याता हैं और शिक्षण संवर्ग से हैं। उन्हें केवल प्रभारी प्राचार्य का अतिरिक्त दायित्व दिया गया था, जिससे उनका संवर्ग प्रशासनिक नहीं हो जाता। ऐसे में उन्हें BEO जैसे प्रशासनिक पद का प्रभार देना सेवा नियमों के विपरीत है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि ब्लॉक शिक्षा अधिकारी का पद प्रशासनिक संवर्ग का है। छत्तीसगढ़ स्कूल शिक्षा सेवा (शैक्षणिक संवर्ग) भर्ती एवं पदोन्नति नियम, 2026 के अनुसार BEO के 75% पद सहायक ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों की पदोन्नति से और शेष 25% पद पात्र प्राचार्यों से भरे जाने का प्रावधान है।

Tags:

#CGHighCourt #HighCourtOrder #EducationDepartment #BalodaBEO #AdministrativePost #CourtDecision #ChhattisgarhNews
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