NEET-UG 2026 : कोलकाता। नीट यूजी 2026 परीक्षा के दौरान हौसले और दृढ़ इच्छाशक्ति की मिसाल पेश की है कोलकाता की सृष्टि दुबे ने। महज 7 दिन पहले भयानक सड़क हादसे में 9 पसलियां टूटने और फेफड़ों में गंभीर चोट के बावजूद सृष्टि आज परीक्षा केंद्र पहुंचकर नीट यूजी परीक्षा दे रही हैं। उनकी इस अदम्य हिम्मत को देखते हुए शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने विशेष इंतजाम करने के निर्देश दिए।
हादसे के 7 दिन बाद परीक्षा देने की जिद
NEET-UG 2026 : 14 जून को हुए सड़क हादसे में सृष्टि की हालत इतनी गंभीर थी कि उन्हें वेंटिलेटर पर रखना पड़ा और वैस्कुलर सर्जरी करनी पड़ी। लेकिन जैसे ही उनकी हालत में थोड़ा सुधार हुआ, सृष्टि ने डॉक्टर बनने के अपने सपने को पूरा करने के लिए परीक्षा देने की जिद पकड़ ली। उन्होंने सालभर की मेहनत बर्बाद नहीं होने दी।
पिता की अपील पर शिक्षा मंत्री का एक्शन
NEET-UG 2026 : सृष्टि के पिता श्रीराम शिवजी दुबे ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को भावुक पत्र लिखा। इसके बाद मंत्री ने तुरंत NTA और स्थानीय प्रशासन को विशेष व्यवस्था करने के निर्देश दिए। कोलकाता के ढाकुरिया स्थित बिनोदिनी गर्ल्स हाई स्कूल (सेंटर कोड: 4608306) में सृष्टि के लिए ग्राउंड फ्लोर पर अलग कमरा तैयार किया गया।
अस्पताल की ड्रेस और मेडिकल टीम साथ
NEET-UG 2026 : सृष्टि अस्पताल के कपड़ों में, शरीर पर लगे चेस्ट ड्रेन और अन्य मेडिकल उपकरणों के साथ व्हीलचेयर पर परीक्षा केंद्र पहुंचीं। उनके साथ ILS अस्पताल के डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ की टीम मौजूद रही। परीक्षा केंद्र के बाहर स्टैंडबाय एंबुलेंस भी तैनात की गई। सृष्टि की इस जज्बे की देशभर में सराहना हो रही है। सोशल मीडिया पर लोग उनकी हिम्मत को सलाम कर रहे हैं और उन्हें भविष्य की बेहतरीन डॉक्टर बनने की कामना कर रहे हैं।










