
Chhattisgarhi dictionary : रायपुर। छत्तीसगढ़ी हिंदी लोक शब्दकोश का निर्माण भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय के अधीन कार्यरत केंद्रीय हिंदी संस्थान द्वारा आगरा में किया जा रहा है। लोक शब्दकोश निर्माण परियोजना के अंतर्गत वहां 28 अगस्त 2026 तक आयोजित कार्यशाला में छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के न तीन भाषाविद और साहित्यकार डॉ.सुधीर शर्मा, डॉ. माणिक विश्वकर्मा ‘नवरंग’ और विजय मिश्रा ‘अमित’ शामिल हैं।
Chhattisgarhi dictionary : कार्यशाला के शुभारंभ अवसर पर केंद्रीय हिंदी संस्थान के निदेशक प्रो. हरिशंकर ने तीनों विशेषज्ञों का अंग वस्त्र से स्वागत किया। इस अवसर पर संस्थान के प्रो. जोगेंद्र सिंह मीणा, परियोजना प्रभारी डॉ. अरिमर्दन त्रिपाठी, विभागाध्यक्ष प्रो.सपना गुप्ता, डॉ. मीनाक्षी दुबे एवं कोशकर्मी आकाश भगत व सुष्मिता बारिक उपस्थित रहे।
Chhattisgarhi dictionary : पाँच दिवसीय कार्यशाला के अंतर्गत छत्तीसगढ़ी लोक शब्दों का आईपीए (इंटरनेशनल फोनेटिक अल्फाबेट) दर्ज़ करने हेतु डॉ.सुधीर के सम्पादन में डॉ.माणिक विश्वकर्मा एवं विजय मिश्रा अपनी सेवाएं दे रहे हैं। इसके अंतर्गत वे पूर्व में संकलित किए गए छत्तीसगढ़ी शब्दों को जाँचने एवं परिवर्धित करने एवं छत्तीसगढ़ी शब्दों के समानार्थी अंग्रेजी शब्दों को जोड़ने का गुरुत्तर कार्य कर रहे हैं।
Chhattisgarhi dictionary : उल्लेखनीय है कि केंद्रीय हिंदी संस्थान आगरा द्वारा छत्तीसगढ़ी भाषा के शब्दकोश का निर्माण एक राष्ट्र स्तरीय प्रयास है, जिससे छत्तीसगढ़ी भाषा को देश भर में जाना समझा जा सकेगा।इसके अलावा यह शब्दकोश शोधार्थियों,साहित्यकारों एवं भाषाविदों के लिए बेहद उपयोगी साबित होगा।
Chhattisgarhi dictionary : निर्माणाधीन शब्दकोश में अधिकाधिक छत्तीसगढ़ी लोक शब्दों का समावेश किया जा रहा है। यह इसकी ख़ासियत है। कार्यशाला में गए छत्तीसगढ़ के तीनों साहित्यकारों ने उम्मीद जताई कि इस दृष्टि से अब तक प्रकाशित अन्य छत्तीसगढ़ी शब्दकोश से परे केंद्रीय हिंदी संस्थान के द्वारा निर्मित किया जाने वाला यह शब्दकोश अद्भुत और ऐतिहासिक होगा।










